राजेश बिष्ट नए भारत का उदय भिवानी।
जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण, भिवानी के तत्वावधान में विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर सेक्टर-13 स्थित सिटीजन क्लब एवं जिला जेल में व्यापक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश डीआर. चालिया के निर्देशानुसार तथा सीजेएम-कम-सचिव पवन कुमार के मार्गदर्शन में इन कार्यक्रमों आयोजन हुआ। सीजेएम पवन कुमार ने बताया कि स्वस्थ जीवन ही सफल जीवन की आधारशिला है। बदलती जीवनशैली और खान-पान की गलत आदतों के कारण कई बीमारियां तेजी से बढ़ रही हैं, इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्वास्थ्य के प्रति सजग रहना चाहिए।

उन्होंने कहा कि जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण समय-समय पर ऐसे जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करता है, ताकि समाज के हर वर्ग तक स्वास्थ्य एवं कानूनी सेवाओं की जानकारी पहुंच सके। उन्होंने विशेष रूप से जेल में बंद बंदियों के स्वास्थ्य पर ध्यान देने की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि उन्हें भी बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। ऐसे कार्यक्रम उनके मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में सहायक सिद्ध होते हैं। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आम नागरिकों एवं जेल में बंद बंदियों को बेहतर स्वास्थ्य, स्वच्छ जीवनशैली और रोगों की रोकथाम के प्रति जागरूक करना रहा। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सक्रिय भागीदारी निभाई।

डॉ. ईशा हुड्डा व डॉ. साहिल वर्मा ने अपनी टीम के साथ उपस्थित होकर लोगों को स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी दी तथा मौके पर ही स्वास्थ्य जांच भी की। जांच के दौरान रक्तचाप, शुगर स्तर सहित अन्य आवश्यक परीक्षण किए गए। विशेषज्ञों ने बताया कि नियमित स्वास्थ्य जांच से बीमारियों का समय रहते पता लगाकर उनका प्रभावी उपचार संभव है। उन्होंने संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और व्यक्तिगत स्वच्छता अपनाने पर जोर दिया। उन्होंने हरी सब्जियों, ताजे फलों और पौष्टिक भोजन के सेवन की सलाह देते हुए जंक फूड व तैलीय पदार्थों से दूरी बनाने का आह्वान किया।

इसके साथ ही उन्होंने धूम्रपान, शराब व अन्य नशे से दूर रहने की अपील की और कहा कि ये आदतें कई गंभीर बीमारियों का कारण बनती हैं। कार्यक्रम के दौरान स्वच्छता के महत्व पर भी विस्तार से जानकारी दी गई तथा हाथ धोने की सही विधि, स्वच्छ पेयजल के उपयोग और आसपास साफ-सफाई बनाए रखने के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिकों व बंदियों ने भाग लेकर स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्राप्त की।
