आर्यवर्त विश्व सनातन विकास परिषद की राष्ट्रीय व प्रदेश समितियां भंग, 15 जुलाई को बनेगी नई कोर कमेटी

राजेश बिष्ट नए भारत का उदय

संगठन की छवि बचाने के लिए बड़ा फैसला, सभी पदाधिकारियों को नए सिरे से जुड़ने का दिया आमंत्रण

बुलंदशहर/ उत्तर प्रदेश। आर्यवर्त विश्व सनातन विकास परिषद ने संगठन के पुनर्गठन की दिशा में बड़ा निर्णय लेते हुए राष्ट्रीय संरक्षक श्री श्री 1008 परम पूजनीय श्रद्धेय वेदमूर्ति स्वामी फलारी महाराज की सहमति से राष्ट्रीय समिति तथा सभी राज्यों की प्रदेश समितियों को तत्काल प्रभाव से भंग करने की घोषणा की है।जारी बयान में बताया गया कि पिछले एक महीने से संगठन के कुछ पदाधिकारियों की कथित गलत नीतियों एवं प्रचार-प्रसार के कारण यह निर्णय लिया गया है। साथ ही संगठन के समान नाम से एक नया संगठन बनाए जाने की सूचना मिलने के बाद परिषद के हित एवं उसकी छवि को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से यह कदम उठाया गया है। परिषद ने स्पष्ट किया कि संगठन समाज हित, सनातन धर्म, भारतीय संस्कृति और सभ्यता के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए पहले की तरह समर्पित है और भविष्य में भी इसी उद्देश्य के साथ कार्य करता रहेगा।

संगठन का कहना है कि परिषद में सभी महत्वपूर्ण निर्णय सामूहिक रूप से लिए जाते हैं और हाल के कुछ निर्णय संगठन की सामूहिक सहमति से नहीं लिए गए थे।बयान में यह भी कहा गया है कि जो पदाधिकारी एवं सदस्य आर्यवर्त विश्व सनातन विकास परिषद के साथ रहकर सनातन हित में कार्य करना चाहते हैं, उनका संगठन में हार्दिक स्वागत है। वहीं, जो लोग अलग संगठन के साथ कार्य करना चाहते हैं, वे अपनी इच्छा के अनुसार स्वतंत्र हैं। परिषद ने इच्छुक कार्यकर्ताओं एवं सदस्यों से संगठन में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए अपना पूर्ण विवरण व्हाट्सएप नंबर 9412378741 एवं 7983596979 पर भेजने का आग्रह किया है। साथ ही घोषणा की गई कि 15 जुलाई, गुप्त नवरात्रि के शुभ अवसर पर संगठन की नई राष्ट्रीय कोर कमेटी की घोषणा की जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!