राजेश बिष्ट नए भारत का उदय

हिसार। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस की पूर्व संध्या पर एडीआर सेंटर में एक विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (सीजेएम) ने की। इस अवसर पर महिलाओं के अधिकार, सशक्तिकरण तथा समाज में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका पर विस्तार से चर्चा की गई।कार्यक्रम में बतौर प्रशिक्षक लीगल एड डिफेंस काउंसिल के नितिन मेहता उपस्थित रहे।
उन्होंने महिला दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए महिलाओं को कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को अपने अधिकारों की जानकारी होना अत्यंत आवश्यक है, ताकि वे किसी भी प्रकार के अन्याय के विरुद्ध कानूनी सहायता प्राप्त कर सकें।इस अवसर पर एडीआर केंद्र के कर्मचारी, अधिवक्ता, अधिकार मित्र (पीएलवी) तथा आशा कार्यकर्ताओं सहित अन्य प्रतिभागियों ने कार्यक्रम में भाग लिया।
उपस्थित सभी प्रतिभागियों ने महिला सशक्तिकरण और लैंगिक समानता को बढ़ावा देने का संकल्प लिया।कार्यक्रम के अंत में महिलाओं के सम्मान और उनके योगदान की सराहना करते हुए सभी को महिला दिवस की शुभकामनाएं दी गईं।
